मणिपुर में मई 2023 से जारी जातीय हिंसा के बीच मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने रविवार शाम को राज्यपाल अजय कुमार भल्ला को अपना इस्तीफा सौंपा, हालांकि राज्यपाल ने उन्हें नए मुख्यमंत्री की नियुक्ति तक पद संभालने के लिए कहा है।
बीरेन सिंह ने इस्तीफा देने से पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी और फिर राज्य में हिंसा के लिए माफी मांगी थी। उन्होंने 2023 के मई से लेकर अब तक के हालात को खराब बताते हुए कहा कि राज्य के लोग अपने प्रियजनों को खो चुके हैं और कई लोग अपने घर छोड़ने के लिए मजबूर हुए हैं। बावजूद इसके, उन्होंने उम्मीद जताई कि 2025 तक राज्य में शांति स्थापित हो जाएगी।
अपने इस्तीफे में बीरेन सिंह ने कुछ महत्वपूर्ण मुद्दों पर जोर दिया, जिनमें मणिपुर की क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा, सीमा पर घुसपैठ की रोकथाम, नशे के खिलाफ लड़ाई, और एमएफआर के तहत बायोमेट्रिक जांच की सख्ती शामिल हैं।
राज्य में जारी जातीय हिंसा के कारण मुख्यमंत्री पर भारी दबाव था। नवंबर 2023 में जिरीबाम में हुई तीन महिलाओं और उनके बच्चों की हत्या के बाद हिंसा और बढ़ गई थी। इसके चलते एनडीए की सहयोगी पार्टी एनपीपी ने भी मणिपुर सरकार से अपना समर्थन वापस ले लिया था, और नेतृत्व परिवर्तन की मांग की थी।
यह हिंसा मणिपुरी समुदाय को अनुसूचित जनजाति सूची में शामिल करने की मांग से शुरू हुई थी, जब आदिवासी छात्रों संघ (ATSUM) ने मणिपुर उच्च न्यायालय के आदेश के खिलाफ रैली की थी। इसके बाद से मणिपुर में हिंसा बढ़ती चली गई और स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए केंद्र सरकार को अर्धसैनिक बलों को तैनात करना पड़ा।
प्रयागराज में महाकुंभ के दौरान भारी जाम की स्थिति सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गई है। लोग अपनी यात्रा के दौरान लग रहे जाम के वीडियो और रील्स शेयर कर रहे हैं, जिनमें यातायात व्यवस्था को लेकर नाराजगी जताई जा रही है। इस दौरान लोग ट्रेन से यात्रा करने की सलाह दे रहे हैं, ताकि वाहन से आने वाले श्रद्धालुओं को इस भीषण जाम से बचा जा सके।
रविवार को जाम की स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि कई वाहन चालकों को एक घंटे का रास्ता तय करने में पूरे दिन का समय लग रहा था। महाकुंभ के श्रद्धालुओं की संख्या इतनी अधिक थी कि जिले के सभी रास्ते और महाकुंभ क्षेत्र तक जाने वाले मार्ग पूरी तरह से जाम हो गए थे। पुलिस की कोशिशों के बावजूद यातायात नियंत्रण में कोई सुधार नहीं हो पाया, और कई इलाकों में सड़कें तक बैरिकेडिंग के बावजूद जाम की चपेट में आ गईं।
साथ ही, सोशल मीडिया पर कुछ लोग इस जाम को लेकर मजेदार और व्यंग्यात्मक पोस्ट भी कर रहे हैं, जिससे यह ट्रेंड बना हुआ है। यही नहीं, यात्रियों ने जाम की स्थिति का वीडियो बनाकर अपनी परेशानियों को साझा किया है, जिससे स्थिति की गंभीरता और भी अधिक सामने आई है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को प्रयागराज, उत्तर प्रदेश पहुंचकर महाकुंभ 2025 में स्थापित किए गए उत्तराखण्ड मंडपम का अवलोकन किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड मंडपम में आए तीर्थ यात्रियों से मुलाकात कर उनका कुशलक्षेम जाना। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री के निर्देशों पर राज्य सरकार द्वारा प्रयागराज महाकुंभ 2025 में उत्तराखण्ड मंडपम की स्थापना की गई है।
मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड मंडपम में राज्य के तीर्थ यात्रियों को प्रदान की जा रही आवासीय सुविधा एवं भोजन व्यवस्थाओ का भी जायज़ा लिया। मुख्यमंत्री ने कहा उत्तराखण्ड मंडपम से महाकुंभ में देश दुनिया से आने वाले श्रद्धालु उत्तराखंड की संस्कृति से परिचित हो रहे हैं। उत्तराखण्ड मंडपम श्रद्धालुओं के ठहरने के साथ ही महाकुंभ में उत्तराखंड का अहसास करवाता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड मंडपम के माध्यम से राज्य के पारंपरिक उत्पादों को जन जन तक पहुंचाया जा रहा है। महाकुंभ में उत्तराखण्ड राज्य के देवभूमि स्वरूप के प्रदर्शन के साथ ही राज्य की कला-संस्कृति एवं विशिष्ट उत्पादों के प्रदर्शन तथा बिक्री की भी व्यवस्था की गयी है, जो सराहनीय पहल है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को सेक्टर-08, प्रयागवाल मार्ग, प्रयागराज, उत्तर प्रदेश में आयोजित ज्ञान महाकुंभ “भारतीय शिक्षा : राष्ट्रीय संकल्पना” कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सभी को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षा के प्रचार प्रसार के लिए ज्ञान महाकुंभ का आयोजन किया गया है। जिससे हमारे युवाओं, आने वाली पीढ़ी को शिक्षा के क्षेत्र में नई दिशा प्रदान होगी। महाकुंभ के साथ ज्ञानकुंभ का आयोजन देश को नई दिशा देगा। यह हमारे लिए ऐतिहासिक क्षण है कि अनेकों विकास कार्य आज हमारे देश के अंदर हो रह हैं। आज भारत निरंतर आगे बढ़ रहा है। भारत हर क्षेत्र में नए-नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में उत्तराखंड की राज्य सरकार ने देश की आजादी के बाद सबसे पहले उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता लागू कर सभी देवभूमिवासियों के लिए समान कानून लागू किए हैं। देवभूमि में किसी भी धर्म, जाति के रहने वाले लोगों के लिए अब समान कानून होंगे। जो संकल्प हमारी सरकार ने जनता के सामने रखा, उसे हमने पूरा किया है। कई लंबे अध्ययन के बाद हमने राज्य में यूसीसी लागू किया है।
इस अवसर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबले, डॉ. वी नारायण, आर.एस वर्मा, संजय एवं अन्य लोग मौजूद रहे।
ड्रोन दीदी – वंचित वर्ग की बेटियां ड्रोन पायलट बन भर रही हैं ऊंची उड़ान
आईटीडीए कैल्क करवा रहा है 52 युवतियों को ड्रोन सर्विस टैक्नीशियन का कोर्स
देहरादून। पिथौरागढ़ की तनुजा वर्मा, गैरसैंण की रौशनी और उत्तरकाशी की जशोदा। ग्रामीण पृष्ठभूमि और सामाजिक तौर पर कमजोर तबके से आने वाली इन तीनों युवतियों ने आज से कुछ समय पहले तक लैपटॉप तक नहीं चलाया था, लेकिन आज वो ड्रोन दीदी बनकर, ड्रोन असेम्बलिंग, रिपेयरिंग से लेकर फ्लाइंग तक का काम आसानी से कर रही हैं। ये संभव हो पाया है, उत्तराखंड सरकार के उपक्रम आईटीडीए कैल्क के ड्रोन सर्विस टैक्नीशियन कोर्स, ड्रोन दीदी से।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी लगातार ग्रामीण और आर्थिक सामाजिक रूप से कमजोर पृष्ठभूमि वाले युवाओं में तकनीकी कौशल बढ़ाने पर जोर रहे हैं। इसी क्रम में आईटीडीए कैल्क, भारत सरकार की वित्तीय सहातया और उत्तराखंड युवा कल्याण विभाग के सहयोग से, अनुसूचित जाति की युवतियों के लिए ड्रोन सर्विस टैक्नीशियन कोर्स संचालित कर रहा है। देहरादून में प्रांतीय युवा कल्याण निदेशालय परिसर में चल रहे इस कोर्स के पहले बैच की शुरुआत, छह जनवरी से हो चुकी है, जिसमें प्रदेश भर से 52 युवतियां शामिल हो रही हैं। कोर्स के तहत उन्हें 37 दिन में कुल 330 घंटे का प्रशिक्षण दिया जाना है। इसमें प्रशिक्षण से लेकर रहने, खाने और आने जाने का व्यय तक सरकार की ओर से उठाया जा रहा है
पुरस्कार में मिलेंगे निशुल्क ड्रोन उत्तराखंड सरकार, युवाओं को ड्रोन रिपेयरिंग और संचालन का प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए ऋषिकेश और पिथौरागढ़ में दो आईटी स्किल ग्रोथ सेंटर संचालित कर रही है। देहरादून में चल रहा प्रशिक्षण कार्यक्रम ऋषिकेश सेंटर के जरिए प्रदान किया जा रहा है। ऋषिकेश सेंटर के प्रभारी वीरेंद्र चौहान के मुताबिक कोर्स के बाद परीक्षा आयोजित की जाएगी, जिसमें सफल प्रशिक्षणार्थियों को भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय की ओर से प्रमाणपत्र प्रदान किया जाएगा, साथ ही प्रशिक्षण में प्रथम पांच स्थान पर रहे प्रशिक्षणार्थियों का निशुल्क ड्रोन भी दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि योजना के तहत कुल 200 युवक – युवतियों को निशुल्क प्रशिक्षण दिया जाना है।
खुलेंगे रोजगार के अवसर प्रशिक्षण प्राप्त कर रही युवतियों का कहना है कि अब वो ड्रोन सेवाओं पर आधारित स्वरोजगार करने के साथ ही आपदा और चिकित्सा सेवा में भी सरकार को सहयोग प्रदान कर सकते हैं। इसमें से कुछ खुद का ड्रोन भी खरीदने की योजना बना रही हैं।
उत्तराखंड के युवाओं को उच्च तकनीकी कौशल प्रदान करने के लिए सरकार कई योजना चला रही है। इसी क्रम में ड्रोन दीदी योजना भी संचालित की जा रही है। भविष्य में ड्रोन सेवाओं का दायरा बढ़ने वाला है, इसलिए हमारे पास इसके लिए पहले से ही प्रशिक्षित मानव बल उपलब्ध होगा।
देहरादून देहरादून जिला पुलिस ने कई निरीक्षक उप निरीक्षक को इधर से उधर किया है देहरादून जिले के पुलिस कप्तान अजय सिंह ने देर रात सात इंस्पेक्टर सहित कुल 30 पुलिस कर्मियों का तबादला किया है
नेहरू कॉलोनी मंसूरी डोईवाला पटेल नगर प्रेम नगर सहसपुर विकासनगर त्यूणी से लेकर कई थानेदार बदले गए है देहरादून में कई चौकी इंचार्ज भी बदल दिए गए है
देहरादून जिले में हुए पुलिस महकमे में तबादलों को लेकर पिछले कई दिनों से चर्चा चल रही थी देर रात हुई लिस्ट में कई निरीक्षक इधर उधर होने की जानकारी लिस्ट फाइनल होने के बाद पता चली
देहरादून उत्तराखंड में नेशनल गेम्स में पदक पाने में राज्य भी आगे है ऐसे में सोशल मीडिया में राज्य सरकार की छवि धूमिल किए जाने को लेकर एक पोर्टल संचालक के खिलाफ कड़ी कारवाही करते हुए देहरादून पुलिस ने गिरफ्तारी की है
उत्तराखंड में चल रहे 38 वें राष्ट्रीय खेलों को लेकर सोशल मीडिया पर झूठी व भ्रामक खबरे प्रकाशित/प्रचारित करने वाले अभियुक्त को रायपुर पुलिस ने किया गिरफ्तारअभियुक्त द्वारा सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरे प्रसारित कर राज्य की छवि को धूमिल करने का किया जा रहा था प्रयास
थाना रायपुर
दिनांक 06/02/2025 को श्री राजेश ममगाई, प्रधानाचार्य महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज देहरादून द्वारा थाना रायपुर में लिखित तहरीर देते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर उत्तराखंड वाले नाम के पोर्टल के संचालक द्वारा उत्तराखंड में आयोजित 38 वे राष्ट्रीय खेलों के Logo के साथ माननीय मुख्यमंत्री उत्तराखंड सरकार की फोटो लगाते हुए “उत्तराखंड में हो रहे राष्ट्रीय खेलों में फिक्सिंग और भ्रष्टाचार का खेल, लाखों में बेचे जा रहे पदक” शीर्षक से झूठी व भ्रामक खबर प्रकाशित/प्रसारित करने, जिससे प्रतिस्पर्धा में आए खिलाड़ियों एवं उनके समर्थको के साथ संपूर्ण भारत के राज्यों में उत्तराखंड राज्य की छवि को धूमिल करने का प्रयास करने के संबंध में तहरीर दी गयी।
वादी द्वारा दी गई उक्त तहरीर के आधार पर उत्तराखंड वाले नाम के पोर्टल के संचालक के विरुद्ध थाना रायपुर में मु०अ०सं०- 39/25 धारा 353(2) भारतीय न्याय संहिता के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है।
पुलिस टीम द्वारा की गयी कार्यवाही
प्रकरण की गंभीरता की दृष्टिगत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा अभियुक्त के विरुद्ध प्रभावी वैधानिक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए। जिसके क्रम में टीम द्वारा साईबर सैल की सहायता से उत्तराखण्ड वाले पेज को संचालित करने वाले व्यक्ति के सम्बन्ध में जानकारी की गयी तो उत्तराखण्ड वाले पेज को अंकुश चौहान निवासी ग्राम जणगी पो0ओ0 ओखलाखल, थाना लम्बगांव जनपद टिहरी गढवाल, हॉल निवासी प्लैट न0 150ए, न्यू पालम विहार, थाना पालम विहार, गुडगाव द्वारा संचालित करना पाया गया।
अंकुश चौहान के संबंध में जानकारी करने पर उसका विगत 20-25 वर्षों से अपने परिवार के साथ गुड़गांव में न्यू पालम विहार नाम की कॉलोनी में रहने की जानकारी मिली, जिस पर एक टीम को गुड़गांव रवाना किया गया, जिसके द्वारा अभियुक्त अंकुश चौहान को आवश्यक पूछताछ हेतु देहरादून लाया गया। अभियुक्त से थाना रायपुर पर घटना के सम्बंध में जानकारी करने का प्रयास करने पर अभियुक्त अंकुश चौहान द्वारा विवेचना में सहयोग न करते हुए धारा 35(3)BNSS का नोटिस तामील करने से स्पष्ट मना किया गया, जिस पर अभियुक्त अंकुश चौहान उपरोक्त को पुलिस द्वारा मौके से गिरफ्तार किया गया।
भाजपा मे जश्न, धामी बोले मोदी की गारंटी है चुनाव के नतीजे
देहरादून 8 फरवरी। दिल्ली चुनावों में मिली बंपर जीत पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने सीएम धामी और प्रदेश अध्यक्ष भट्ट के साथ पार्टी मुख्यालय मे जमकर जश्न मनाया।
इस अवसर पर सीएम पुष्कर धामी ने इन नतीजों को पीएम मोदी की गारंटी की जीत बताया है। साथ ही कहा कि वहां डबल इंजन की सरकार में डबल गति से विकास होगा।भाजपा सरकार, अपने संकल्प पत्र किए सभी वादों को पूरा करेगी।
पार्टी प्रदेश मुख्यालय में हुए इस विजय समारोह में उत्साह से ओतप्रोत कार्यकर्ताओं ने जमकर आतिशबाजी की। प्रदेश अध्यक्ष और सीएम द्वारा एक दूसरे का मुंह मीठा करने के साथ, सभी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताओं में मिष्ठान वितरित किया गया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर उन्हें जलेबी खिलाकर जीत की बधाई भी दी।
वहीं मीडिया से बातचीत करते हुए सीएम ने कहा कि 27 साल बाद देश की राजधानी से गैर भाजपा सरकारों की विदाई हुई है। यह जीत प्रधानमंत्री मोदी जी की उस गारंटी की जीत है, जो विकास की गारंटी के पूरा होने की गारंटी देती है। भारतीय जनता पार्टी का ट्रैक रिकॉर्ड है कि पार्टी संकल्प पत्र में जो भी बातें कही जाती है, वह अवश्य पूरी होती हैं। दिल्ली में जो झूठ, फरेब और भ्रष्टाचार का शासन था जिसके कारण अनेक घोटाले हुए हैं जनता ने उसके खिलाफ मत दिया। क्लिनिक घोटाला, स्मार्ट क्लास घोटाला , यमुना सफाई का घोटाला , शराब का घोटालो का भी सफाया हो गया। वहां की आपदा सरकार ने लोगों के विश्वास को छलने का काम किया है। दिल्ली को सबसे प्रदूषित राजधानी बनाने का काम किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वहीं देश में जहां जहां डबल इंजन की सरकार हैं वहां विकास के नए कीर्तिमान स्थापित हो रहे हैं। उतराखंड इसका उदाहरण है जहाँ पीएम मोदी के मार्गदर्शन मे राज्य विकास की नई इबाराते लिख रहा है। यही वजह है कि लगातार एक के बाद एक भाजपा की डबल इंजन की सरकारों को राज्यों में चुना जा रहा है।
हरियाणा हो, महाराष्ट्र और 27 सालों बाद दिल्ली में भाजपा सरकार को वापिस लौटी है और इन राज्यों मे विकास निश्चित है। इस दौरान दिल्ली में जो भी सरकार रही उसने जनता को छलने का काम किया और देश की सबसे प्रदूषित राजधानी बनाने का पाप किया। दिल्ली की जनता ने इस बार दिल्ली में भी डबल इंजन की सरकार बनाई है और अब डबल इंजन की सरकार, डबल गति से काम करेगी। यहां जो भी भारत सरकार की रुकी हुई कल्याणकारी योजनाएं हैं जिसमे जल जीवन मिशन योजना , आयुष्मान भारत योजना या ऐसी तमाम जन कल्याणकारी योजनाओं को जो दिल्ली के लोगों के तेजी से विकास और कल्याण के लिए आवश्यक थी, उन्हें लेकर आएगी। उन्होंने विश्वास दिलाया कि चुनाव के हमारे संकल्प पत्र को है पार्टी की आने वाली सरकार शतप्रतिशत पूरा करेगी।
धामी ने कहा कि यह जीत प्रधानमंत्री मोदी के प्रेरणदायी नेतृत्व की जीत है। कार्यकर्ताओं की अथक मेहनत का परिणाम है जिन्होंने प्रत्येक बूथ पर जाकर पार्टी की नीतियों और आने वाली सरकार की योजनाओं के बारे में ठीक से जानकारी दी थी। उन्होंने इस शानदार जीत के लिए प्रधानमंत्री जी, दिल्ली की जनता और कार्यकर्ताओं को बधाई दी ।
वहीं प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने दिल्ली में मिली जीत को ऐतिहासिक बताते हुए, प्रधानमंत्री और राष्ट्रीय नेतृत्व समेत समस्त कार्यकर्ताओं को बधाई दी। मैंने कहा यह जीत राजधानी क्षेत्र को भी देश में बह रही विकासधारा से जोड़ने वाली है। अब वहां भी डबल की इंजन की सरकार में जन कल्याणकारी योजनाओं का लाभ हर आम व्यक्ति को मिलेगा। जिस तरह की एक तरफ जीत भाजपा को मिली है उसमें समाज के सभी वर्गों का योगदान रहा है। जहां तक बात है दिल्ली में रहने वाले प्रवासी उत्तराखण्डियों की तो, उनके शतप्रतिशत आशीर्वाद ने भाजपा की जीत को शानदार बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
जश्न के दौरान कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, प्रदेश महामंत्री संगठन अजेय कुमार, प्रदेश महामंत्री आदित्य कोठारी, खिलेंद्र चौधरी, विधायक विनोद चमोली, श्रीमती सविता कपूर, खजान दास, उमेश शर्मा काऊ, प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश कोली, प्रदेश मंत्री आदित्य चौहान, प्रदेश कार्यालय सचिव कस्तूभानंद जोशी प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर चौहान समेत सरकार में दायित्वधारी, पार्टी पदाधिकारी समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
केजरीवाल की हार के बाद स्वाति मालीवाल का बयान काफी चर्चित हो गया है। उन्होंने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “अहंकार रावण का भी नहीं बचा था”, जो यह संकेत देता है कि राजनीतिक बड़ों के अहंकार को कभी भी नुकसान हो सकता है, चाहे वह किसी भी स्तर पर हों।
दिल्ली विधानसभा चुनाव में प्रवेश वर्मा की जीत ने भाजपा की स्थिति को मजबूत किया है। केजरीवाल को हराकर बड़े विजेता के रूप में उभरे हैं। जीत के बाद प्रवेश वर्मा ने केंद्रीय मंत्री अमित शाह से मुलाकात की, जिसके बाद उनके मुख्यमंत्री बनने की चर्चा भी तेज हो गई है। हालांकि, वर्मा ने मीडिया से बात करते हुए स्पष्ट किया कि दिल्ली की यह जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जीत है, और यह भाजपा की रणनीति और नेतृत्व की सफलता का परिणाम है।
भले ही राजनीतिक गलियारों में मुख्यमंत्री बनने की मांग उठ रही हो, लेकिन प्रवेश वर्मा ने अपनी जीत को देश के प्रधानमंत्री के नेतृत्व से जोड़ा, जो भाजपा की राष्ट्रीय राजनीति में भारी योगदान को दर्शाता है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि दिल्ली की राजनीति में आगे क्या बदलाव आते हैं और किस तरह से बीजेपी अपनी नई सरकार को स्थापित करती है।
दिल्ली विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी (AAP) के लिए यह एक बड़ा झटका साबित हुआ है, क्योंकि पार्टी के प्रमुख नेता अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया दोनों को हार का सामना करना पड़ा। बीजेपी ने 27 साल बाद दिल्ली में वापसी की है और इसके रुझान भी बीजेपी के पक्ष में दिख रहे हैं। इस परिणाम से बीजेपी को एक मजबूत स्थिति में देखा जा रहा है, जबकि आम आदमी पार्टी को उम्मीदों के विपरीत परिणाम का सामना करना पड़ा है।
अरविंद केजरीवाल को बीजेपी के प्रवेश वर्मा ने हराया, और मनीष सिसोदिया को जंगपुरा सीट से हार का सामना करना पड़ा। साथ ही, मुख्यमंत्री आतिशी कालकाजी से चुनाव जीत गई है बीजेपी के लिए ये चुनाव न केवल दिल्ली में बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी राजनीतिक दिशा तय करने के लिए अहम साबित हो सकते हैं।
भले ही आम आदमी पार्टी के लिए यह हार दुखदाई हो, लेकिन अब देखना होगा कि वे किस तरह से अपनी रणनीति को फिर से तैयार करेंगे। वहीं बीजेपी के लिए यह जीत पार्टी की बढ़ती ताकत का प्रतीक है।