Home Blog Page 63

बनभूलपुरा अतिक्रमण मामला- प्रशासन रोज खर्च कर रहा लाखों रुपए:500 से जयादा पुलिस बल तैनात, ड्रोन से निगरानी जारी

0

बनभूलपुरा रेलवे भूमि अतिक्रमण मामले की सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई अब 16 दिसंबर को होगी। इससे पहले 2 दिसंबर और 10 दिसंबर को सुनवाई निर्धारित थी, लेकिन दोनों तारीखों पर मामले की सुनवाई नहीं हो सकी।

लगातार सुनवाई टलने से जहां स्थानीय लोगों में असमंजस बढ़ा है, वहीं पुलिस और प्रशासन पर सुरक्षा व्यवस्था का भारी बोझ पड़ रहा है।

500 से अधिक पुलिस बल की तैनाती, पैरामिलिट्री रिजर्व में

कोर्ट के संभावित फैसले के मद्देनज़र नैनीताल जिला प्रशासन ने बनभूलपुरा क्षेत्र में भारी पुलिस फोर्स तैनात कर रखी है। करीब 500 पुलिस कर्मियों के साथ-साथ पैरामिलिट्री बल को भी रिजर्व में रखा गया है। जिले के अधिकतर पुलिस अधिकारी और जवान लगातार मौके पर ड्यूटी कर रहे हैं।

सुरक्षा व्यवस्था सख्त रखते हुए ड्रोन से लगातार निगरानी की जा रही है। रामनगर, लालकुआं, कालाढूंगी और पहाड़ी क्षेत्रों के थानों से भी फोर्स को हल्द्वानी बुलाया गया है।

सुरक्षा इंतजाम में रोजाना लाखों का खर्च

क्षेत्र में पुलिस वाहनों की लगातार तैनाती, उनकी ईंधन खपत, जवानों की आवाजाही और सुरक्षा उपकरणों पर भारी खर्च हो रहा है। प्रशासन द्वारा किए जा रहे इन इंतजामों में प्रतिदिन लाखों रुपए खर्च होने का अनुमान है

। वहीं लगातार चेकिंग और पुलिस की मौजूदगी से स्थानीय लोगों को भी आवाजाही में परेशानी झेलनी पड़ रही है।

ये खर्च भी उठाती है सरकार: TA क्लेम का बढ़ा दबाव

एसपी क्राइम जगदीश चंद्र ने बताया कि सुरक्षा के दृष्टिगत बड़ी संख्या में पुलिस बल की तैनाती अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि नैनीताल जिले के विभिन्न थानों और चौकियों से पुलिसकर्मियों को बुलाया गया है।राजकीय कार्य अधिनियम के अनुसार, कोई पुलिसकर्मी अपने तैनाती स्थल से 8 किलोमीटर दूर ड्यूटी करता है तो वह ट्रैवलिंग अलाउंस (TA) का क्लेम कर सकता है, जिसका भुगतान सरकार द्वारा किया जाता है। ऐसे में TA बिलों का दबाव भी बढ़ रहा है।

सुनवाई फिर टली, प्रशासन अलर्ट मोड पर

लगातार सुनवाई टलने से प्रशासन की चिंता बढ़ गई है क्योंकि सुरक्षा व्यवस्था को स्थिर बनाए रखना अनिवार्य है। हर नई तारीख के साथ सुरक्षा-तैनाती के इंतज़ाम फिर से उसी स्तर पर जारी रखने पड़ रहे हैं।

अब सभी की निगाहें 16 दिसंबर की अगली सुनवाई पर टिकी हैं। प्रशासन ने साफ किया है कि निर्णय आने तक बनभूलपुरा क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था पूर्व की तरह कड़ी बनी रहेगी।

हल्द्वानी के होटल में मिला अल्मोड़ा की महिला का शव:दरवाजा तोड़ कमरे में घुसी पुलिस, बेड पर पड़ी मिली; एक दिन पहले घूमने आई

0

उत्तराखंड के हल्द्वानी में एक होटल में महिला की लाश मिली, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया। महिला ने मंगलवार की शाम को होटल में चेक-इन किया था। बुधवार को जब काफी देर तक महिला कमरे से बाहर नहीं निकली तो होटल मालिक ने महिला को आवाज लगाई। लेकिन महिला ने कोई जवाब नहीं दिया।

होटल मालिक ने तुरंत इसकी सूचना पुलिस को दी। हल्द्वानी कोतवाली प्रभारी विजय मेहता ने बताया कि पुलिस को 112 से सूचना मिली कि रोडवेज के पास स्थित तिवारी होटल में एक महिला कल शाम से रुकी हुई है, जो दरवाजा नहीं खोल रही हैं। इस सूचना पर प्रभारी निरीक्षक फोर्स के साथ तिवारी होटल में पहुंचे।

महिला को आवाज लगाई, लेकिन महिला ने दरवाजा नहीं खोला। कुछ देर तक इंतजार करने के बाद गवाह की मौजूदगी में होटल का दरवाजा तोड़ा तो देखा कि महिला का शव बेड पर पड़ा है।

होटल का कमरा सील

एसपी सिटी ने बताया कि होटल के कमरे कोई भी संदेहात्मक निशान नहीं मिले हैं, जिससे पता लग सके कि महिला ने सुसाइड किया है या हत्या की गई है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है। पुलिस ने कमरे को सील कर दिया है।

फोरेन्सिक टीम अब मामले की जांच करेगी। जो भी तथ्य सामने आएंगे तो उस हिसाब से कार्रवाई की जाएगी। महिला की पहचान अल्मोड़ा के हीरा डूंगरी थाना कोतवाली की रहने वाली रेखा जुहूवाला के तौर पर हुई है। पुलिस सीसीटीवी कैमरे की जांच कर रही है। इसके अलावा महिला के परिजनों को सूचित किया गया है।

महिला की किन परिस्थितियों में मौत हुई है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चल सकेगा।

DM सविन बंसल का विभागों को सख्त संदेश: मुख्यमंत्री की घोषणाओं को दें प्राथमिकता, लापरवाही हरगिज बर्दाश्त नहीं

0

डीएम का निर्देशः सभी विभाग तुरंत पोर्टल पर प्रगति अपडेट करें, देरी या बहाने क्षम्य नहीं

मुख्यमंत्री घोषणाओं की समीक्षाः डीएम सविन बंसल ने विभागों को दिए समयबद्ध कार्रवाई के सख्त निर्देश

मात्र कार्रवाई गतिमान, एचओडी-शासन पर लंबित तर्क घोषणा पूर्ति हेतु नाकाफी-डीएम

डीएम का जोरः भूमि बाधाएं हटें और शासन स्वीकृत घोषणाएं तुरंत धरातल पर उतरे

जिले के सर्वांगीण विकास के लिए जनकल्याणकारी नीतियों को समयबद्ध धरातल पर लाना है जरूरी

देहरादून । जिलाधिकारी सविन बसंल ने ऋषिपर्णा सभागार में मुख्यमंत्री घोषणाओं की विभागवार समीक्षा बैठक ली। बैठक में डीएम ने सभी विभागों द्वारा घोषणाओं पर की गई प्रगति की विस्तृत जानकारी ली और लंबित मामलों को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूर्ण करने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट रूप से कहा कि मुख्यमंत्री घोषणाएं प्राथमिकता वाले कार्य हैं, इसलिए किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने विभागवार प्रस्तुतियों का अवलोकन करते हुए धीमी गति से चल रहे कार्यों पर नाराज़गी जताई और संबंधित अधिकारियों को तत्काल सुधार करने के निर्देश दिए। समीक्षा के दौरान आवास, एमडीडीए, नगर निगम, खेल, युवा कल्याण आदि विभागों में भूमि चयन समस्या के कारण लंबित घोषणाओं पर जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि संबंधित एसडीएम के साथ समन्वय करते हुए समस्या का शीघ्र समाधान किया जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि दूसरे विभाग से संबंधित जिन घोषणाओं को स्थानांतरित किया जाना है उनका प्रस्ताव शीघ्र तैयार कर संबंधित विभागों को तत्काल उपलब्ध करें। सभी विभाग सीएम घोषणाओं की प्रगति को तत्काल रूप से ऑनलाइन पोर्टल पर अपडेट करना सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने कहा कि सीएम घोषणाओं में किसी प्रकार का कोई तर्क, वितर्क, देरी, लापरवाही क्षम्य नहीं है।

जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिले स्तर से जिन घोषणाओं पर कार्रवाई की जानी है, उनमें तत्काल और त्वरित गति से कार्य किया जाए। निर्माण कार्याे के लिए आंगणन गठित करते हुए टेंडर प्रक्रिया को शीघ्र पूरा कराया जाए। डीएम ने कहा कि जिला स्तरीय कार्यों में किसी भी प्रकार की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिन घोषणाओं पर निर्णय या स्वीकृति शासन स्तर से अपेक्षित है, उन्हें संबंधित विभाग उच्च स्तर पर प्रभावी रूप से परस्यू करें, ताकि प्रक्रियाएं समय पर आगे बढ़ सकें। किसी कारण से जिन घोषणा को पूर्ण कराया जाना संभव नही हो पा रहा है, उन्हें शासन से स्वीकृति लेकर विलोपित किया जाए। शासन से स्वीकृत घोषणा को जल्द से जल्द पूरा किया जाए। बैठक में विभिन्न विकास कार्यों, निर्माण परियोजनाओं, जनसुविधाओं के विस्तार और अवसंरचना से जुड़े मुद्दों की समीक्षा की गई।

बैठक में जानकारी दी गई कि जिले में मुख्यमंत्री द्वारा वर्ष 2021 से अब तक कुल 491 घोषणाएं की गई। इसमें से 305 घोषणा पूर्ण कर ली गई है तथा 107 घोषणाओं में कार्य प्रगति पर है और 76 घोषणाओं में शासन एवं विभागीय स्तर कार्यवाही गतिमान है। जबकि तीन घोषणाओं को मर्ज कर दिया गया है। मुख्यमंत्री घोषणाओं के अंतर्गत लोक निर्माण विभाग की 10, आवास की 05, पेयजल की 07, शहरी विकास 12, समाज कल्याण की 10, विद्यालयी शिक्षा की 09, वन विभाग 04, पर्यटन 06, युवा कल्याण 04, पंचायती राज 03, बाल विकास 02 आदि पर घोषणाओं गतिमान है।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. एमके शर्मा, सीईओ वीके ढ़ौडियाल, डीडीओ सुनील कुमार, डीएसटीओ एसके गिरी सहित सभी संबंधित विभागों वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

जिला सूचना अधिकारी, देहरादून।

दून सुपर किंग व दून चैंपियंस ने शानदार मुकाबले में जीत दर्ज की

0

देहरादून, 10 दिसंबर। उत्तरांचल प्रेस क्लब द्वारा आयोजित मंजुल सिंह माजिला क्रिकेट टूर्नामेंट में खेले गए रोमांचक मुकाबले में आज के पहले मुकाबले में दून सुपर किंग ने शानदार प्रदर्शन करते हुए दून किंग राइडर को 8 विकेट से परास्त कर महत्वपूर्ण जीत दर्ज की। वही दूसरे मुकाबले में दून चैंपियन ने दून टाइटंस को 55 रनों से पराजित किया।

पहले मुकाबले में दून किंग राइडर ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 16.4 ओवर में 10 विकेट खोकर मात्र 87 रन ही बना पाई। दून किंग राइडर में हिमांशु बरमोला ने 18 रन, साकेत पंत ने 17 रन, कप्तान सुनील कुमार ने 11 रन, अभय कैंतुरा 6, मदन सिंह 5, योगेश सेमवाल 4, सुनील नेगी ने 2 रन बनाए। दून किंग राइडर के गैंदबाज साकेत पंत व अभय कैंतुरा ने 1-1 विकेट लिया।

लक्ष्य का पीछा करते हुए दून सुपर किंग के बल्लेबाजों ने 11.4 ओवर मंे 2 विकेट खोकर 88 रन बनाए और 8 विकेट से शानदार जीत हासिल की। दून सुपर किंग के बल्लेबाज मनीष डंगवाल ने अपनी टीम के लिए 39 रन, सोहन परमार ने 15, मातबर सिंह कण्डारी ने 11 व शैलेन्द्र सेमवाल ने 10 रन बनाकर अपनी टीम को जीत दिलाई। वहीं दून सुपर किंग के गेंदबाज कप्तान हर्ष उनियाल न 4 विकेट, मनीष डंगवाल ने 2 विकेट, दीपक पुरोहित, मातबर सिंह कण्डारी व सुरेन्द्र सिंह डसीला ने 1-1 विकेट लिए।

आज के दूसरा मैच में दून चैंपियन बनाम दून टाइटंस के बीच खेला गया। जिसमें दून चैंपियन ने निर्धारित ओवर 20 में 7 विकेट खोकर 158 रनों का विशाल स्कोर बनाकर जीत दर्ज की। वहीं लक्ष्य का पीछा करते दून टाइटंस की टीम ने 17.4 ओवर में 10 विकेट खोकर 103 रन ही बना पाई।

बल्लेबाजी करते हुए दून चैंपियन के बल्लेबाज कप्तान शिवेश शर्मा ने अच्छी पारी का प्रदर्शन करते हुए 42 रन, किशोर रावत 32, योगेश शैली ने 21, मनमोहन शर्मा ने 19, नागेन्द्र नेगी ने 14, मनबर रावत ने 5 व अनिल चन्दोला ने 2 रन बनाए। टीम के गेंदबाज नागेन्द्र नेगी ने 3 विकेट, कप्तान शिवेश शर्मा व मनबर रावत ने 2-2 विकेट, किशोर रावत व संदीप बड़ोला ने 1-1 विकेट लिए।

लक्ष्य का पीछा करते हुए दून टाइटंस के बल्लेबाजों में कप्तान सुमन सेमवाल ने 29 रन, प्रवीन नेगी ने 17, हिमांशु जोशी ने 13, अमित शर्मा ने 9, अरविंद रावत ने 7, राजू पुशोला ने 5, विजय जोशी ने 3 व अजय राणा ने 2 रन बनाए। वहीं गेंदबाज अरविंद रावत व अजय राणा ने 3-3 विकेट लिए, और प्रवीन नेगी ने 1 विकेट लिया।

इस अवसर पर उत्तरांचल प्रेस क्लब महामंत्री सुरेन्द्र सिंह डसीला, खेल संयोजक अभय सिंह कैंतुरा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष अभिषेक मिश्रा, संयुक्त मंत्री रश्मि खत्री, कोषाध्यक्ष अनिल चन्दोला, संप्रेक्षक शिवेश शर्मा, कार्यकारिणी सदस्य मौ. असद, मनवर रावत, संदीप बडोला, रमन जायसवाल, दीपक बड़थ्वाल, किशोर रावत आदि मौजूद रहे।

हल्द्वानी ब्रेकिंग: बनभूलपुरा रेलवे अतिक्रमण मामले में फिर नहीं हो सकी सुनवाई, अब अगली तारीख का इंतजार

0

हल्द्वानी। बनभूलपुरा रेलवे अतिक्रमण मामले में सुप्रीम कोर्ट में आज निर्धारित सुनवाई एक बार फिर नहीं हो पाई। यह केस सूची में नंबर 23 पर था, लेकिन इससे पहले के मामलों की सुनवाई लंबी खिंचने के कारण इस पर सुनवाई नहीं हो सकी।

अब मामले की अगली तारीख का इंतजार किया जा रहा है। स्थानीय लोगों और प्रशासन की नजर सुप्रीम कोर्ट की अगली तारीख पर टिकी हुई है।

महाराज ने गुलदार के हमले में कंचन देवी के गंभीर रूप से घायल होने पर चिंता जताई

0

एयर एंबुलेंस के माध्यम से उपचार हेतु एम्स पहुंचने के दिये निर्देश

पौड़ी। प्रदेश के कैबिनेट मंत्री और चौबट्टाखाल विधायक सतपाल महाराज ने पोखड़ा ब्लॉक के ग्राम देवराड़ी में 36 वर्षीय कंचन देवी पत्नी अर्जुन सिंह पर गुलदार के हमला में गंभीर रूप से घायल होने पर चिंता जताते हुए जिलाधिकारी से वार्ता कर तत्काल उन्हें एयरलिफ्ट कर एम्स ऋषिकेश में उनका उपचार करने के निर्देश दिए।

श्री महाराज ने अपने विधानसभा क्षेत्र चौबट्टाखाल में गुलदार के हमलों की बढ़ती घटनाओं पर चिंता जताते हुए वन विभाग के अधिकारियों से कहा है कि वह पूरे इलाके में ड्रोन से निगरानी के साथ-साथ गश्त बढ़ाकर तत्काल लोगों की सुरक्षा के सभी जरुरी कदम उठाएं। उन्होंने पंचायत विभाग के अधिकारियों से कहा है कि गुलदार एवं जंगली जानवरों के छिपने के स्थान के साथ-साथ गांव के आसपास शीघ्रता से झाड़ियां का कटान करना सुनिश्चित करें।

Uttarakhand: फर्जी प्रमाण पत्र मामला; दिव्यांग शिक्षकों के प्रमाण पत्रों की मेडिकल बोर्ड नए सिरे से करेगा जांच

0

फर्जी प्रमाण पत्र से नौकरी पाने का मामले में दिव्यांग शिक्षकों के प्रमाण पत्रों की मेडिकल बोर्ड नए सिरे से जांच करेगा। 

शिक्षा विभाग में दिव्यांगता के फर्जी प्रमाणपत्र से 51 शिक्षकों के नौकरी पाने के मामले की मेडिकल बोर्ड नए सिरे से जांच करेगा। शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत के मुताबिक पहले इन शिक्षकों से शपथ पत्र लिए जाएंगे। इसके बाद मेडिकल बोर्ड बनाकर इनके प्रमाण पत्रों की जांच करवाई जाएगी।

शिक्षा विभाग में फर्जी प्रमाण पत्र से नौकरी पाने के मामले में विभाग ने शिक्षकों को नोटिस जारी किया है। नोटिस में शिक्षकों को प्रमाण पत्रों के साथ निदेशालय में उपस्थित होने के लिए कहा गया है। शिक्षा निदेशक डॉ. मुकुल कुमार सती के मुताबिक जिन शिक्षकों को नोटिस जारी किए गए वे निदेशालय में उपस्थित हो रहे हैं, जिनमें से कई शिक्षक खुद के दिव्यांगता प्रमाण पत्र को सही ठहरा रहे हैं।

इन शिक्षकों का कहना है कि मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने इनके दिव्यांगता के प्रमाण पत्र बनाए हैं। शिक्षा निदेशक के मुताबिक अब बिना किसी मेडिकल जांच के इनके खिलाफ सीधे कार्रवाई नहीं की जा सकती। हालांकि वर्ष 2022 में राज्य मेडिकल बोर्ड ने इनमें से कुछ शिक्षकों के प्रमाण पत्रों की जांच की थी। जिसमें प्रमाण पत्रों को गलत बताया गया था। 
 

अब रात नौ से छह बजे तक काम कर सकेंगी महिलाएं, अधिसूचना जारी, श्रम विभाग ने सभी नियम किए तय

0

अब रात नौ से छह बजे तक महिलाएं काम कर सकेंगी। श्रम विभाग ने सभी नियम तय किए हैं। रात्रि पाली में काम के लिए महिला कार्मिक से सहमति लेनी होगी।

उत्तराखंड में अब रात्रि पाली (रात के नौ बजे से सुबह के छह बजे) तक महिला कर्मचारी काम कर सकेंगी। कैबिनेट के फैसले के तहत श्रम विभाग ने इसकी अधिसूचना जारी कर दी है। जारी नियमों के मुताबिक, प्रत्येक महिला कर्मचारी से रात्रि पाली में काम के संबंध में सहमति लेनी होगी। यदि कोई महिला असहमति जताती है तो इसके लिए बाध्य नहीं किया जा सकेगा।

नियोजक की ओर से महिला कर्मकारों से काम कराए जाने की सूचना संबंधित श्रम अधिकारी और थाना प्रभारी को उपलब्ध करानी होगी। महिला कर्मकारों के लिए उनके निवास स्थान तक पिक-अप एवं ड्रॉप की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए पैनिक बटन (इमरजेंसी अलार्म) एवं जीपीएस आधारित पर्याप्त परिवहन व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। वाहन एवं कार्यस्थल पर पुलिस हेल्पलाइन नंबर, पुलिस थाना, चौकी के नंबर चस्पा करने होंगे।

महिला कर्मकारों को दी जाएंगी सुविधा
नियोजक की ओर से परिवहन चालक व परिचालक का पुलिस सत्यापन अनिवार्य रूप से कराना होगा। नियोजक की ओर से महिला कर्मकारों के लिए सुरक्षित, संरक्षित एवं स्वस्थ कार्य परिस्थितियां सुनिश्चित की जाएंगी। ताकि उन्हें रोजगार से संबंधित किसी भी प्रकार की असुविधा या हानि न हो। नियोजक की ओर से महिला कर्मकारों के लिए शौचालय, चेंजिंग रूम, पेयजल आदि सुविधाएं अधिनियम की धाराओं के अनुसार उपलब्ध करानी होंगी।

महिलाओं का कार्यस्थल पर लैंगिक उत्पीड़न (निवारण, प्रतिषेध और प्रतितोष) अधिनियम 2013 के सभी प्रावधान को लागू कराना होगा। दुकान और प्रतिष्ठान के प्रत्येक प्रवेश एवं निकास द्वार पर सीसीटीवी लगाने होंगे। सचिव डॉ. श्रीधर बाबू अद्दांकी की ओर से यह अधिसूचना जारी की गई।

Uttarakhand: सीएम की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक, छोटे अपराधों में सजा को लेकर बदलाव, जेल की जगह जुर्माना

0

प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में आज कई प्रस्तावों पर मुहर लगी है। छोटे अपराधों में सजा को लेकर अहम बदलाव किए गए।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक हुई, जिसमें कुल 19 प्रस्ताव आए। बिजली लाइन का मुआवजा बढ़ाया गया। केंद्र के नए निर्देश को अडॉप्ट किया गया। टावर और उसके एक मीटर परिधि के एरिया का 200% सर्किल रेट का कर दिया है। सर्किल रेट और मार्किट रेट में अंतर पर एक समिति बनाई जाएगी, जो प्रभावित भूमि मालिकों के लिए काम करेगी।

सात एक्ट के बजाय जन विश्वास एक्ट लाया जाएगा। 52 एक्ट चिन्हित किए गए हैं। छोटे अपराधों में सजा को लेकर बदलाव किए गए हैं। छोटे अपराध में जेल नहीं बल्कि जुर्माना होगा। जैसे किसी जैविक कृषि में अधिसूचित क्षेत्र में कोई पेस्टिसाइड का इस्तेमाल करेगा तो वहां एक लाख जुर्माना और एक साल जेल सजा थी, सजा हटाकर जुर्माना पांच लाख कर दिया गया।
 
आवास विभाग के चार प्रस्ताव कैबिनेट में आए
1- ग्रीन बिल्डिंग निर्माण को प्रोत्साहित करने के लिए अतिरिक्त एफएआर जैसे प्लेटिनम ग्रेड को 5%, गोल्ड को 3%, सिल्वर को 2% एक्स्ट्रा मिलेगा।
2- कॉमर्शियल एरिया में ग्राउंड कवरेज का प्रतिबंध से राहत। सभी के लिए सैट बैक वाला रेगुलेशन लागू होगा। इको रिजॉर्ट के साथ अब नार्मल रिजॉर्ट बना सकेंगे। भू उपयोग परिवर्तन की जरूरत नहीं होगी। नक्शा पास करने की बाध्यता में लैंड यूज की शर्त नहीं। सड़क चौड़ाई पहाड़ में 6 मीटर, मैदान में 9 मीटर होगी।
 

3-बहु मंजिला भवन में सड़क लेवल की पार्किंग की हाइट इमारत की ऊंचाई में शामिल न होगी। मोटल श्रेणी को हटा दिया गया है।
4- लैंड पुलिंग स्कीम, टाउन प्लानिंग स्कीम मंजूर। अन्य राज्यों में है योजनाएं लागू हैं। अनिवार्य नहीं है। जहां हम टाउनशिप बनाएंगे, उसके बदले जमीन मिलेगी वो भी कॉमर्शियल। अमरावती में भी ये मॉडल सफल रहे हैं। पहले केवल पालिसी थी, अब स्कीम के रूप में लाया गया है।

वित्त-
उत्तराखंड माल एवं सेवा कर संशोधन अध्यादेश को मंजूरी।
तकनीकी शिक्षा-.तकनीकी विवि में फैकल्टी की भर्ती लोक सेवा आयोग नहीं विवि स्तर से ही होगी
लोनिवि-.कनिष्ठ अभियंता के 5% पद समूह-ग के कर्मचारियों से पदोन्नति से होती थी, लोग नहीं मिल पाते थे। अब 10 साल की सेवा पूरी करने पर सीधे जेई बनेंगे

नागरिक उड्डयन-.
नैनी सैणी एयरपोर्ट…को एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया संचालित करेगा।
सितारगंज के कल्याणपुर में जिन्हें पट्टे पर जमीन दी हुई थी, उनके नियमितीकरण को लेकर सर्किल रेट 2004 के लिए जाएंगे।

डेरी विकास, व सहकारिता विभाग
मुख्यमंत्री घसियारी कल्याण और साइलेज योजना…75% देते थे, तय हुआ कि सब्सिडी 75  के बजाय 60% मिलेगी।

लोनिवि- देहरादून में रिस्पना बिंदाल एलिवेटेड के लिए जीएसटी में छूट मिलेगी। रॉयल्टी और जीएसटी विभाग जमा करेगा, जिसका रिम्बर्स किया जाएगा।

सगंध पौधा के केंद्र का नाम इंस्टीट्यूट ऑफ परफ्यूम होगा। जो वाहन 15 साल से पुराने हैं, उन्हें स्क्रैप करने और नया वाहन खरीदने पर टैक्स में छूट मंजूर।
मुख्यमंत्री युवा भविष्य निर्माण योजना मंजूर… यूपीएससी, नेट, गेट आदि की तैयारी के लिए ऑनलाइन कोचिंग। लाइव क्लासेज, डाउट क्लियर करने की सुविधा होगी।

-भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता के तहत अभियोजन निदेशालय देहरादून में मुख्यालय होगा। उसमें एक निदेशक होंगे। 15 वर्ष तक अधिवक्ता को बना सकेंगे। जिले में भी जिला स्तर का अभियोजन निदेशालय बनाया जाएगा। 7 वर्ष से कम कारावास की धाराओं में अपील का फैसला जिला स्तर, इससे ऊपर पर राज्य स्तर पर निर्णय होगा।

बनभूलपुरा अतिक्रमण मामला- सुप्रीम कोर्ट का फैसला आज:दुकानें-स्कूल बंद, 15 लोग हिरासत में और इमाम को नोटिस; हल्द्वानी में हाई अलर्ट

0

उत्तराखंड के हल्द्वानी के बनभूलपुरा में रेलवे भूमि अतिक्रमण मामले में आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी और आज ही मामले में फैसला आने की उम्मीद है। जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच याचिकाकर्ता अब्दुल मतीन सिद्दीकी की अपील पर सुनवाई करेगी। कोर्ट की तरफ से मामले को 23 वें नंबर पर सूचीबद्ध किया गया है।

इससे पहले हल्द्वानी को हाई अलर्ट जोन में रखा गया है। इलाके में दुकान और स्कूल बंद कर दिए हैं। आने-जाने वालो को आधार कार्ड दिखाकर ही एंट्री मिल रही है। पुलिस ने 15 लोगों को हिरासत में लिया गया है। वहीं, पूर्व में दिल्ली ब्लास्ट मामले के शक में हिरासत में लिए गए बिलाल मस्जिद के इमाम आसिम कासमी को पुलिस ने 50 हजार रुपए के निजी मुचलके का नोटिस देकर शांति व्यवस्था बनाए रखने को कहा है।