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चारधाम यात्रा 2026: सुरक्षा के लिए गढ़वाल पुलिस का मास्टर प्लान तैयार

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चारधाम यात्रा 2026: सुरक्षा के लिए गढ़वाल पुलिस का मास्टर प्लान तैयार

चारधाम यात्रा 2026: सुरक्षा के लिए गढ़वाल पुलिस का मास्टर प्लान तैयार

देहरादून। आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप ने चारधाम यात्रा-2026 को सुरक्षित और सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने के लिए गढ़वाल पुलिस की तैयारियों को लेकर प्रेस वार्ता की। उन्होंने बताया कि इस वर्ष यात्रा को अधिक डिजिटल, सुरक्षित और सुविधायुक्त बनाने के लिए विस्तृत मास्टर प्लान तैयार किया गया है।

 24×7 निगरानी के लिए कंट्रोल रूम

यात्रा की निरंतर निगरानी के लिए सरदार पटेल भवन में अत्याधुनिक चारधाम कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, जहां से 24 घंटे गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी।

 सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम

पूरे यात्रा मार्ग को बेहतर प्रबंधन के लिए:

  • 16 सुपर जोन
  • 43 जोन
  • 149 सेक्टर में विभाजित किया गया है

 सुरक्षा व्यवस्था में जनपद पुलिस के साथ:PAC,होमगार्ड,PRD,SDRF,ATS,BDS,जल पुलिस की तैनाती की गई है।

 CCTV और ड्रोन से निगरानी

चारधाम यात्रा मार्ग और चारों धामों में CCTV कैमरे लगाए गए हैं।
भीड़ नियंत्रण और निगरानी के लिए ड्रोन कैमरों का भी उपयोग किया जाएगा।

 यात्री सुविधाओं पर फोकस

श्रद्धालुओं के लिए: पार्किंग स्थल,हॉल्टिंग पॉइंट की व्यवस्था की गई है, जहां ठहरने की सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

 संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान

यातायात सुचारू बनाए रखने के लिए: बॉटल नेक,ब्लैक स्पॉट,लैंडस्लाइड जोन को चिन्हित कर वहां विशेष इंतजाम किए गए हैं।

 ऑफलाइन पंजीकरण केंद्र

यात्रियों की सुविधा के लिए इन स्थानों पर ऑफलाइन पंजीकरण केंद्र संचालित होंगे:

  • हरिद्वार
  • देहरादून
  • रुद्रप्रयाग
  • चमोली
  • उत्तरकाशी

 जरूरी अपील

आईजी गढ़वाल ने श्रद्धालुओं से अपील की:

  • हेली सेवा की बुकिंग और पंजीकरण सिर्फ आधिकारिक वेबसाइट से करें
  • सोशल मीडिया के जरिए दिए जा रहे रियल-टाइम अपडेट (मौसम, मार्ग, आपदा) पर ध्यान दें

गढ़वाल पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि देश-विदेश से आने वाले हर श्रद्धालु की सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित यात्रा सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।

देहरादून मोबिलिटी प्लान पर मंथन, ट्रैफिक सुधार के लिए बड़े निर्देश

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देहरादून मोबिलिटी प्लान पर मंथन, ट्रैफिक सुधार के लिए बड़े निर्देश

देहरादून मोबिलिटी प्लान पर मंथन, ट्रैफिक सुधार के लिए बड़े निर्देश

देहरादून। आनंद बर्द्धन ने शुक्रवार को सचिवालय में देहरादून शहर के यातायात संतुलन को लेकर देहरादून मोबिलिटी प्लान की समीक्षा बैठक ली। बैठक में बढ़ते ट्रैफिक दबाव को देखते हुए कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए।

 इकोनॉमिक कॉरिडोर से बढ़ेगा दबाव

मुख्य सचिव ने कहा कि देहरादून- दिल्ली इकोनॉमिक कॉरिडोर के निर्माण के बाद सप्ताहांत और चारधाम यात्रा के दौरान शहर में यातायात का दबाव काफी बढ़ेगा। इसके लिए समय रहते प्रभावी ट्रैफिक प्लान तैयार करने के निर्देश दिए गए।

 आढ़त बाजार और मंडी पर फोकस

  • आढ़त बाजार की रजिस्ट्री और मुआवजा कार्य 15 मई 2026 तक पूरा करने के निर्देश
  • ध्वस्तीकरण कार्य जल्द शुरू करने को कहा
  • निरंजनपुर मंडी के लिए नई भूमि चयन हेतु साइट सिलेक्शन कमेटी बनाने के निर्देश

 पार्किंग और इंफ्रास्ट्रक्चर

  • सचिवालय और परेड ग्राउंड के पास अंडरग्राउंड पार्किंग के लिए DPR जल्द तैयार करने के निर्देश
  • शहर में उपलब्ध पार्किंग क्षमता का पूरा उपयोग सुनिश्चित करने को कहा

 जंक्शन सुधार और पब्लिक ट्रांसपोर्ट

  • कारगी चौक सहित प्रमुख जंक्शनों के सुधार कार्य में तेजी लाने के निर्देश
  • मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण द्वारा कार्यों की प्रगति की समीक्षा
  • सितंबर तक शहर में 100 बसें संचालित करने का लक्ष्य

 ट्रैफिक नियमों का सख्त पालन

  • नो-पार्किंग में वाहन खड़े करने पर सख्त चालान
  • लेफ्ट टर्न फ्री रखने पर जोर
  • टोइंग वैन की संख्या बढ़ाने के निर्देश

 सड़क सुरक्षा पर विशेष ध्यान

  • ओवरस्पीडिंग रोकने के लिए सख्त कदम
  • स्पीड ब्रेकर, साइन बोर्ड और ANPR कैमरों से निगरानी
  • बड़े आयोजनों के दौरान ट्रैफिक प्लान का व्यापक प्रचार

 अन्य निर्देश

  • यूपीसीएल द्वारा बिजली लाइन अंडरग्राउंड कार्य समय पर पूरा करने के निर्देश
  • गैस पाइपलाइन कार्यों को भी निर्धारित समयसीमा में पूरा करने को कहा गया

बैठक में जिलाधिकारी सविन बंसल, एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी, एसएसपी देहरादून परमेन्द्र डोभाल सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। मुख्य सचिव ने स्पष्ट किया कि बेहतर ट्रैफिक प्रबंधन और मजबूत पब्लिक ट्रांसपोर्ट ही देहरादून को भविष्य के बढ़ते दबाव के लिए तैयार कर सकता है।

लोक निर्माण विभाग की 5 वर्षीय मास्टर प्लान पुस्तिका का विमोचन

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लोक निर्माण विभाग की 5 वर्षीय मास्टर प्लान पुस्तिका का विमोचन

लोक निर्माण विभाग की 5 वर्षीय मास्टर प्लान पुस्तिका का विमोचन

देहरादून। पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को सचिवालय में लोक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा तैयार 2026-2031 के मास्टर प्लान की पुस्तिका का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने इसे राज्य के समग्र इंफ्रास्ट्रक्चर विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया।

 “विजन के साथ विकास हमारी प्राथमिकता”

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह मास्टर प्लान राज्य में बुनियादी ढांचे को सशक्त और सुरक्षित बनाने की दिशा में मार्गदर्शक साबित होगा। उन्होंने कहा कि विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को प्राप्त करने में यह पुस्तिका अहम भूमिका निभाएगी।

 इंफ्रास्ट्रक्चर को मिलेगी नई दिशा

मुख्यमंत्री ने कहा कि नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तराखंड में सड़कों और अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर का तेजी से विकास हुआ है।
राज्य सरकार अब नवाचार और आधुनिक तकनीक के माध्यम से भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विकास कार्यों को आगे बढ़ा रही है।

 पर्यटन और कनेक्टिविटी पर विशेष फोकस

उन्होंने कहा कि उत्तराखंड तेजी से पर्यटन हब के रूप में उभर रहा है, इसलिए बेहतर कनेक्टिविटी और आधुनिक सुविधाओं का विकास प्राथमिकता में है।

 100 से अधिक परियोजनाएं शामिल

लोक निर्माण विभाग के सचिव डॉ. पंकज कुमार पांडेय ने बताया कि इस मास्टर प्लान में 100 से अधिक परियोजनाओं को शामिल किया गया है, जिनमें:

  • रोड और इकनॉमी हब कनेक्टिविटी
  • ब्रिज डेवलपमेंट और सेफ्टी
  • सड़क सुरक्षा और स्लोप प्रोटेक्शन
  • टेक्नोलॉजी और वित्तीय प्रबंधन
  • नीतिगत सुधार

कनेक्टिविटी पर जोर

इस अवसर पर सतपाल महाराज ने कहा कि राज्य में कनेक्टिविटी और इंफ्रास्ट्रक्चर विकास पर निरंतर कार्य किया जा रहा है और भविष्य की जरूरतों के अनुसार योजनाएं बनाई जा रही हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह मास्टर प्लान उत्तराखंड को सुनियोजित विकास, बेहतर कनेक्टिविटी और मजबूत अर्थव्यवस्था की दिशा में आगे ले जाने में मील का पत्थर साबित होगा।

पेंशनरों के सत्यापन के लिए 22 और 24 अप्रैल को विशेष शिविर

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पेंशनरों के सत्यापन के लिए 22 और 24 अप्रैल को विशेष शिविर

पेंशनरों के सत्यापन के लिए 22 और 24 अप्रैल को विशेष शिविर

देहरादून, 17 अप्रैल 2026। जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देश पर समाज कल्याण एवं महिला कल्याण विभाग द्वारा पेंशनरों के भौतिक सत्यापन हेतु विशेष शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। यह अभियान समाज कल्याण, महिला कल्याण और ग्राम्य विकास विभाग की संयुक्त टीम द्वारा संचालित किया जाएगा।

 कहां और कब लगेंगे शिविर?

जिला समाज कल्याण अधिकारी दीपांकर घिल्डियाल ने बताया:

  • 22 अप्रैल: सहसपुर ब्लॉक, ग्राम खुशहालपुर (पंचायत भवन)
  • 24 अप्रैल: डोईवाला ब्लॉक, राइका बुल्लावाला
  • समय: सुबह 11 बजे से

 किन्हें आना होगा?

इन श्रेणियों के पेंशनरों को शिविर में उपस्थित होना अनिवार्य है:

  • वृद्धावस्था पेंशन
  • दिव्यांग पेंशन
  • विधवा पेंशन
  • परित्यक्ता पेंशन

 साथ लाना होगा:

  • वोटर आईडी (मूल प्रति)
  • आधार कार्ड (मूल प्रति)

 अनुपस्थित रहने पर होगी कार्रवाई

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जो पेंशनर निर्धारित तिथियों पर सत्यापन के लिए उपस्थित नहीं होंगे, उनकी अगली पेंशन रोकी जा सकती है

 अधिकारियों को निर्देश

अभिनव शाह ने निर्देश दिए हैं कि:

  • शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए
  • ग्राम प्रधान, पंचायत विकास अधिकारी व अन्य संबंधित अधिकारी मौके पर उपस्थित रहें
  • परिवार रजिस्टर की नकल के आधार पर सत्यापन प्रक्रिया मौके पर ही पूरी की जाए

 प्रशासन का उद्देश्य है कि सभी पात्र पेंशनरों का समयबद्ध और शत-प्रतिशत सत्यापन सुनिश्चित कर उन्हें योजनाओं का लाभ बिना किसी बाधा के मिलता रहे।

व्यापारियों को बड़ी राहत, अब 31 मामलों में सीधे FIR पर यूपी सरकार की रोक

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व्यापारियों को बड़ी राहत, अब 31 मामलों में सीधे FIR पर यूपी सरकार की रोक

व्यापारियों को बड़ी राहत, अब 31 मामलों में सीधे FIR पर यूपी सरकार की रोक

मथुरा/लखनऊ: उत्तर प्रदेश में अब पुलिस हर बात पर व्यापारियों या आम जनता के खिलाफ सीधे FIR दर्ज नहीं कर सकेगी। प्रदेश सरकार और पुलिस मुख्यालय ने एक ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए **31 विशिष्ट श्रेणियों** के मामलों में सीधे प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। अब इन मामलों में शिकायतकर्ताओं को सीधे **मजिस्ट्रेट कोर्ट** का दरवाजा खटखटाना होगा।
क्या है नया आदेश?
इलाहाबाद हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणियों और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) के नए प्रावधानों को लागू करते हुए डीजीपी मुख्यालय ने यह सर्कुलर जारी किया है। इस आदेश का मुख्य उद्देश्य पुलिस की शक्तियों के दुरुपयोग को रोकना और झूठे मुकदमों में लोगों को फंसने से बचाना है।

इन 31 मामलों में अब सीधे थाना नहीं, कोर्ट जाना होगा:

नए नियमों के अनुसार, निम्नलिखित प्रमुख मामलों में पुलिस सीधे FIR दर्ज नहीं करेगी:
 ई-कॉमर्स और व्यापारिक विवाद: सामान की गुणवत्ता या रिफंड को लेकर होने वाले विवाद।
 चेक बाउंस:एनआई एक्ट के तहत आने वाले मामले।
 मानहानि: किसी की छवि खराब करने के आरोप।
 घरेलू विवाद और दहेज प्रताड़ना: कुछ विशिष्ट श्रेणियों में अब पहले काउंसलिंग और कोर्ट की प्रक्रिया अनिवार्य होगी।
 उपभोक्ता विवाद: ग्राहकों और विक्रेताओं के बीच के व्यावसायिक झगड़े।

व्यापारियों के लिए क्यों है यह संजीवनी?

मथुरा के उद्यमी और अखिल भारतीय अग्रवाल महासभा के प्रदेश संगठन मंत्री हिमांशु अग्रवाल (संचालक: PATOYS) ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि”अक्सर देखा गया है कि ई-कॉमर्स और रिटेल व्यापार में कुछ खरीदार छोटी-छोटी बातों या रिफंड के लिए व्यापारियों को FIR की धमकी देकर प्रताड़ित करते हैं। अब इस नए कानून से व्यापारियों को कानूनी सुरक्षा मिलेगी और ‘इंस्पेक्टर राज’ पर लगाम लगेगी।
पुलिस की जिम्मेदारी बढ़ी
अब यदि कोई पुलिस अधिकारी इन 31 श्रेणियों के मामलों में बिना मजिस्ट्रेट के आदेश के सीधे FIR दर्ज करता है, तो उस पर अनुशासनात्मक कार्रवाई भी हो सकती है। गंभीर अपराधों जैसे हत्या, दुष्कर्म और लूट में प्रक्रिया पहले की तरह ही रहेगी।
बड़ी खबर: यूपी में अब 31 मामलों में सीधे FIR बंद!
उत्तर प्रदेश सरकार का बड़ा फैसला—ई-कॉमर्स विवाद, चेक बाउंस और मानहानि जैसे 31 मामलों में अब पुलिस सीधे FIR दर्ज नहीं करेगी। अब न्याय के लिए कोर्ट जाना होगा। व्यापारियों को “FIR की धमकी” देने वालों पर अब कानून का शिकंजा कसेगा।

हेल्पलाइन शिकायत पर सीएम धामी एक्शन, अधिकारियों को लगाई फटकार

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हेल्पलाइन शिकायत पर सीएम धामी एक्शन, अधिकारियों को लगाई फटकार

हेल्पलाइन शिकायत पर सीएम धामी एक्शन, अधिकारियों को लगाई फटकार

देहरादून | 17 अप्रैल 2026

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक बार फिर ज़मीनी स्तर पर काम करने की अपनी कार्यशैली का परिचय दिया। सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज एक शिकायत की जांच के लिए वह सीधे देहरादून के जाखन क्षेत्र पहुंच गए और मौके पर स्थिति का निरीक्षण किया।

 हेल्पलाइन शिकायत पर तुरंत कार्रवाई

जाखन निवासी विवेक मदान ने राजपुर रोड पर अंडरग्राउंड बिजली लाइन के काम के कारण खराब हुए फुटपाथ की शिकायत सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि कार्य के बाद फुटपाथ की टाइल्स धंस गई हैं, जिससे आम लोगों को परेशानी हो रही है।

 मोबाइल से अधिकारियों को दिखाई हकीकत

मुख्यमंत्री ने मौके पर पहुंचकर शिकायतकर्ता को साथ लिया और वीडियो कॉल के जरिए अधिकारियों को वास्तविक स्थिति दिखाई। इस दौरान उन्होंने कार्य में लापरवाही पर नाराजगी जताई और संबंधित विभागों को सख्त निर्देश दिए।

सीएम ने कहा कि:

“समन्वय के साथ कार्य करें, ताकि बार-बार खुदाई और मरम्मत से जनता को परेशानी न हो और सरकारी धन की बर्बादी भी रोकी जा सके।”

 सुरक्षा पर भी जताई चिंता

निरीक्षण के दौरान यह भी सामने आया कि अंडरग्राउंड होने के बावजूद कई जगह बिजली लाइन बाहर दिखाई दे रही है, जो आम लोगों के लिए खतरा बन सकती है। इस पर मुख्यमंत्री ने तुरंत सुधार के निर्देश दिए।

 पूरे प्रदेश में अभियान चलाने के निर्देश

मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन को निर्देश दिए कि प्रदेशभर में इस तरह की समस्याओं की जांच कर समाधान किया जाए।

उन्होंने कहा कि:

  • सभी विभाग समन्वय से काम करें
  • लापरवाही पर सख्त कार्रवाई हो
  • जनता की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता पर हो

स्थानीय लोगों से भी किया संवाद

इस दौरान मुख्यमंत्री ने स्थानीय दुकानदारों और निवासियों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और जल्द समाधान का भरोसा दिया।

 क्यों खास है यह खबर? (Discover Boost Points)

  •  ग्राउंड जीरो पर पहुंचे मुख्यमंत्री
  •  हेल्पलाइन शिकायत पर तत्काल एक्शन
  •  अधिकारियों को ऑन-द-स्पॉट जवाबदेही
  •  पूरे राज्य में अभियान की घोषणा

उत्तराखंड डेयरी क्षेत्र में डिजिटल क्रांति, ERP प्रणाली का शुभारंभ

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उत्तराखंड डेयरी क्षेत्र में डिजिटल क्रांति, ERP प्रणाली का शुभारंभ

उत्तराखंड डेयरी क्षेत्र में डिजिटल क्रांति, ERP प्रणाली का शुभारंभ

देहरादून। प्रदेश के डेयरी क्षेत्र को आधुनिक तकनीक से सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए सौरभ बहुगुणा ने आईआरडीटी ऑडिटोरियम, सर्वे चौक में उत्तराखंड कोऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन एवं राज्य के दुग्ध संघों में ERP (एंटरप्राइज रिसोर्स प्लानिंग) प्रणाली का शुभारंभ किया।

 ‘आंचल’ ब्रांड को मिलेगा राष्ट्रीय विस्तार

इस अवसर पर यूसीडीएफ और Tata Consumer Products के बीच बद्री गाय घी और पहाड़ी घी के विपणन हेतु एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। इससे ‘आंचल’ ब्रांड को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलने की उम्मीद है।

 ERP से आएगी पारदर्शिता और तेजी

मंत्री ने बताया कि ERP प्रणाली लागू होने से:

  • दुग्ध उपार्जन से लेकर विपणन तक पूरी प्रक्रिया डिजिटल और पारदर्शी बनेगी
  • किसानों को समय पर भुगतान सुनिश्चित होगा
  • गुणवत्ता सुधार और तकनीकी सेवाएं बेहतर होंगी
  • डेटा आधारित निर्णय से कार्यकुशलता बढ़ेगी

उन्होंने कहा कि अगले 6 माह में सभी दुग्ध संघों में ERP लागू कर दिया जाएगा।

 उत्पादन और लक्ष्य

मंत्री ने बताया:

  • वित्तीय वर्ष 2025-26 में औसत दैनिक दुग्ध उपार्जन: 2.37 लाख लीटर
  • अधिकतम: 2.97 लाख लीटर प्रतिदिन
  • आगामी लक्ष्य: 3.25 लाख लीटर प्रतिदिन

साथ ही दुग्ध मूल्य भुगतान 14 दिन के भीतर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

उत्कृष्ट कार्य करने वालों का सम्मान

कार्यक्रम में:

  • चारा एफपीओ को सम्मानित किया गया
  • नैनीताल दुग्ध संघ की तीन महिला दुग्ध उत्पादकों को ₹25,000, ₹15,000 और ₹10,000 के पुरस्कार
  • हरिद्वार और उत्तरकाशी दुग्ध संघों को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए सम्मान

 नई परियोजनाओं की घोषणा

  • 5 नए बद्री गाय ग्रोथ सेंटर स्थापित किए जाएंगे
  • सितारगंज (ऊधमसिंह नगर) में दूध पाउडर और आइसक्रीम प्लांट स्थापित होगा
  • आइसक्रीम ई-पुश कार्ट का भी लोकार्पण

 अन्य उपस्थित

कार्यक्रम में खजान दास सहित कई अधिकारी और दुग्ध संघों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। मंत्री ने कहा कि यह पहल न केवल डेयरी क्षेत्र को तकनीकी रूप से मजबूत बनाएगी, बल्कि किसानों की आय बढ़ाने और ‘आंचल’ ब्रांड को देशभर में पहचान दिलाने में भी अहम भूमिका निभाएगी।

डॉ. अंबेडकर जयंती पर भाजपा कार्यालय में कार्यशाला, सीएम धामी ने दी श्रद्धांजलि

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डॉ. अंबेडकर जयंती पर भाजपा कार्यालय में कार्यशाला, सीएम धामी ने दी श्रद्धांजलि

डॉ. अंबेडकर जयंती पर भाजपा कार्यालय में कार्यशाला, सीएम धामी ने दी श्रद्धांजलि

देहरादून। डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती के अवसर पर भारतीय जनता पार्टी कार्यालय में विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पार्टी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।

इस अवसर पर पुष्कर सिंह धामी ने डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि डॉ. अंबेडकर का भारतीय संविधान के निर्माण में अतुलनीय योगदान रहा है और उन्होंने देश को एक मजबूत संवैधानिक आधार प्रदान किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा साहेब का जीवन संघर्ष, समर्पण और सामाजिक न्याय की प्रेरणा देता है। उन्होंने समाज के वंचित और कमजोर वर्गों को अधिकार दिलाने के लिए आजीवन कार्य किया, जो आज भी सभी के लिए अनुकरणीय है। उन्होंने सभी से आह्वान किया कि डॉ. अंबेडकर के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाएं, यही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

 सामाजिक समरसता पर जोर

कार्यक्रम में अन्य वक्ताओं ने भी डॉ. अंबेडकर के विचारों पर प्रकाश डालते हुए संविधान के मूल सिद्धांतों, समानता और सामाजिक समरसता पर चर्चा की।

भाजपा में शामिल हुईं सरोज राणा

इस दौरान कालीमठ जिला पंचायत वार्ड से जिला पंचायत सदस्य सरोज राणा ने भाजपा की सदस्यता ग्रहण कर पार्टी परिवार में शामिल हुईं कार्यक्रम में भरत सिंह चौधरी, आशा नौटियाल, जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम कठेत, महिला आयोग की उपाध्यक्ष ऐश्वर्या रावत, भाजपा जिला अध्यक्ष भारत भूषण भट्ट सहित कई जनप्रतिनिधि और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

 कार्यक्रम में वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि डॉ. अंबेडकर के विचार आज भी समाज को दिशा देने में प्रासंगिक हैं और उन्हें अपनाना ही सच्ची श्रद्धांजलि है।

समाज कल्याण योजनाओं की समीक्षा पेंशन बढ़ोतरी के निर्देश

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CM Pushkar Singh Dhami Breaking विकास कार्यों में देरी पर जवाबदेही तय

समाज कल्याण योजनाओं की समीक्षा, पेंशन बढ़ोतरी के निर्देश

देहरादून। खजान दास ने विधानसभा स्थित सभागार कक्ष में समाज कल्याण विभाग की समीक्षा बैठक लेते हुए अधिकारियों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी कर्मचारी आपसी समन्वय और जिम्मेदारी के साथ कार्य करें, ताकि विभाग की प्रगति में सुधार लाया जा सके।

 पेंशन में बढ़ोतरी का प्रस्ताव

मंत्री ने पेंशन योजनाओं में महत्वपूर्ण बढ़ोतरी की जानकारी देते हुए बताया:

  • विधवा एवं दिव्यांग पेंशन: ₹1500 से बढ़ाकर ₹1875
  • बौना पेंशन और तीलू रौतेली पेंशन: ₹1200 से बढ़ाकर ₹1500
  • दिव्यांग भरण-पोषण अनुदान: ₹700 से बढ़ाकर ₹1000

इसके साथ ही पेंशन और अन्य योजनाओं की आय सीमा ₹4000 से बढ़ाकर ₹6000 करने का प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए गए।

 छात्रवृत्ति योजनाओं पर सख्ती

मंत्री ने छात्रवृत्ति योजनाओं के सत्यापन तंत्र को मजबूत बनाने के निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या त्रुटि बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि कोई भी पात्र छात्र योजना से वंचित न रहे।

 शिक्षा और प्रशिक्षण पर जोर

बैठक में:

  • राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालयों की समीक्षा
  • औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में नए ट्रेड शुरू करने और अनुभवी प्रशिक्षकों की नियुक्ति के निर्देश
  • डॉ. बीआर अंबेडकर छात्रावासों की स्थिति की समीक्षा (राज्य में 14 संचालित)

 छात्रावास और बुनियादी ढांचा

मंत्री ने मसूरी स्थित गर्ल्स इंटर कॉलेज के छात्रावास भवन का पुनर्निर्माण 3 माह में पूरा करने और सितंबर 2026 तक संचालन शुरू करने के निर्देश दिए।

 सामाजिक योजनाओं का विस्तार

  • अंतरजातीय विवाह सहायता की समयसीमा को 365 दिन (डेट-टू-डेट) करने का प्रस्ताव
  • प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना के तहत आदर्श ग्राम योजना को बढ़ावा
  • राष्ट्रीय वयोश्री योजना के तहत वरिष्ठ नागरिकों को उपकरण उपलब्ध कराने का प्रचार-प्रसार

 वृद्ध और दिव्यांग कल्याण पर फोकस

मंत्री ने राज्य के वृद्धाश्रमों, एससी-एसटी अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत सहायता, निशुल्क कोचिंग और बुनियादी ढांचा विकास योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने दिव्यांग कल्याण योजनाओं के लिए सभी 13 जनपदों के आधार पर कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।

 ग्रामीण क्षेत्रों तक योजनाओं का लाभ

मंत्री ने बहुउद्देशीय वित्त निगम द्वारा संचालित स्माइल परियोजना, शिल्पी ग्राम योजना और नमस्ते योजना का लाभ ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचाने पर जोर दिया। मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि सभी योजनाएं गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध तरीके से लागू हों, ताकि समाज के अंतिम व्यक्ति तक उनका लाभ पहुंच सके।

CHAR DHAM YATRA 2026:ग्राउंड जीरो पर उतरे उत्तराखंड सीएम पुष्कर सिंह धामी

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 ग्राउंड जीरो पर उतरे उत्तराखंड सीएम पुष्कर सिंह धामी

उत्तराखंड में बहुप्रतीक्षित चारधाम यात्रा को लेकर सरकार पूरी तरह तैयार नजर आ रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज रुद्रप्रयाग पहुंचकर यात्रा व्यवस्थाओं का जमीनी जायजा लिया और अधिकारियों को साफ निर्देश दिए कि सभी तैयारियां अगले दो दिन के भीतर हर हाल में पूरी कर ली जाएं।
सीएम धामी ने यात्रा मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि संवेदनशील और भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों में जेसीबी मशीनें हर समय तैनात रहनी चाहिए, ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।
आपको बता दें कि 19 अप्रैल से चारधाम यात्रा की शुरुआत होने जा रही है, ऐसे में सरकार कोई भी चूक नहीं छोड़ना चाहती। यात्रा को सुचारू और सुरक्षित बनाने के लिए मुख्यमंत्री धामी अब तक कई उच्चस्तरीय बैठकें कर चुके हैं।
वहीं, निरीक्षण के दौरान रुद्रप्रयाग और आसपास के क्षेत्रों में स्थानीय लोगों ने मुख्यमंत्री का जोरदार स्वागत भी किया।
फिलहाल, सरकार का पूरा फोकस यही है कि श्रद्धालुओं की यात्रा सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके।