2027 विधानसभा चुनाव की तैयारी में भाजपा, 810 नए बूथों पर फोकस
देहरादून। उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने संगठनात्मक गतिविधियों को तेज कर दिया है। चुनाव आयोग की विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया के बाद राज्य में मतदान केंद्रों की संख्या बढ़ने के साथ भाजपा ने नए बूथों पर अपनी पकड़ मजबूत करने की रणनीति तैयार की है।
810 नए मतदान केंद्रों पर बनेगी नई टीम
प्रदेश में पहले 11,733 मतदान केंद्र थे, जिनकी संख्या बढ़कर 12,543 हो गई है। चुनाव आयोग द्वारा 1200 से अधिक मतदाताओं वाले बूथों का पुनर्निर्धारण किए जाने के बाद 810 नए मतदान केंद्र अस्तित्व में आए हैं। भाजपा अब इन नए बूथों पर संगठनात्मक ढांचा मजबूत करने में जुटी है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के अनुसार, पार्टी ने पहले से मौजूद सभी बूथों पर अपनी टीमें गठित कर रखी थीं। अब नए मतदान केंद्रों के लिए भी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों की मजबूत टीम तैयार की जा रही है।
15 सितंबर तक चलेगा बूथ सशक्तीकरण अभियान
भाजपा प्रदेशभर में 15 सितंबर तक बूथ सशक्तीकरण अभियान चला रही है। अभियान का उद्देश्य नए बूथों पर संगठन को मजबूत करना और मतदाताओं के साथ सीधा संवाद स्थापित करना है।
महेंद्र भट्ट ने कहा कि पार्टी “बूथ जीता, चुनाव जीता” के सिद्धांत पर कार्य कर रही है और प्रत्येक बूथ को चुनावी दृष्टि से मजबूत बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
एनजीओ और सामाजिक संगठनों से भी संपर्क
भाजपा विभिन्न सामाजिक संगठनों और गैर-सरकारी संस्थाओं (NGO) के साथ भी संवाद बढ़ा रही है। पार्टी के विभिन्न प्रकोष्ठों के माध्यम से ऐसे संगठनों को जोड़ने और सामाजिक स्तर पर कार्यक्रम आयोजित करने की योजना बनाई जा रही है।
राष्ट्रीय कार्यकारिणी बैठक पर नजर
भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक दिल्ली में आयोजित हो रही है, जिसमें आगामी राज्यों के चुनाव और संगठनात्मक रणनीति पर चर्चा होने की संभावना है। उत्तराखंड से राष्ट्रीय कार्यकारिणी में शामिल नेताओं के साथ प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट भी बैठक में भाग ले रहे हैं।
चुनावी रणनीति को धार
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि नए मतदान केंद्रों पर शुरुआती स्तर से संगठन मजबूत करना भाजपा की चुनावी रणनीति का अहम हिस्सा है। 2027 विधानसभा चुनाव से पहले बूथ स्तर पर सक्रियता बढ़ाकर पार्टी अपने जनाधार को और मजबूत करने की कोशिश कर रही है।

