मुख्यमंत्री की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति का असर: भूमि धोखाधड़ी पर प्रशासन सख्त, 24 मामलों में FIR के निर्देश
देहरादून में लैंड फ्रॉड पर बड़ा एक्शन
देहरादून, 02 मई 2026 – मुख्यमंत्री की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत उत्तराखंड में भूमि धोखाधड़ी (Land Fraud) के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी है। गढ़वाल आयुक्त विनय शंकर पांडेय की अध्यक्षता में आयोजित लैंड फ्रॉड समन्वय समिति की बैठक में कुल 125 मामलों की सुनवाई की गई।
इनमें से:
- 45 मामलों का निस्तारण
- 24 मामलों में FIR दर्ज करने के निर्देश
- 20 पुराने और 105 नए मामले शामिल
सबसे ज्यादा मामले देहरादून से
लैंड फ्रॉड के नए मामलों का जिला-वार आंकड़ा:
- देहरादून – 74 मामले
- हरिद्वार – 15 मामले
- पौड़ी – 13 मामले
- टिहरी – 2 मामले
- चमोली – 1 मामला
यह दर्शाता है कि देहरादून में भूमि फर्जीवाड़ा तेजी से बढ़ रहा है।
खसरा हेरफेर और दोहरी बिक्री का बड़ा खुलासा
जांच के दौरान कई चौंकाने वाले मामले सामने आए:
- बिना जमीन के ही बिक्री
- खसरा नंबर में हेरफेर
- 2 बीघा जमीन को 4 बीघा बताकर बेचना
- एक ही जमीन की दोहरी रजिस्ट्री
आयुक्त ने इन मामलों को गंभीर बताते हुए पुलिस को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए।
24 मामलों में FIR के आदेश
जिन मामलों में FIR दर्ज करने के निर्देश दिए गए, उनमें शामिल हैं:
- अवैध कब्जा
- जमीन पर तारबाड़ कर कब्जा
- भूमि की हेराफेरी
- धोखाधड़ी से बिक्री
आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि भूमि धोखाधड़ी किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
45 मामलों का समाधान
बैठक में 45 मामलों का निस्तारण किया गया, जिनमें:
- कुछ मामलों में आपसी समझौता
- कुछ में पैसा वापस कराया गया
- कुछ मामले सिविल कोर्ट में लंबित पाए गए
ऐसे मामलों को कोर्ट के माध्यम से निपटाने के निर्देश दिए गए।
15 दिन में कार्रवाई के सख्त निर्देश
गढ़वाल आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए:
- बड़े मामलों में 15 दिन के भीतर प्रगति रिपोर्ट दें
- अवैध निर्माण पर तुरंत कार्रवाई
- स्पष्ट मामलों में तुरंत FIR दर्ज करें
- जो मामले फ्रॉड नहीं हैं, उनकी सूचना शिकायतकर्ता को दें
प्रशासन का सख्त संदेश
आयुक्त ने साफ कहा:
“कोई भी भूमि विवाद अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रहेगा, हर मामले में त्वरित कार्रवाई होगी।”
उत्तराखंड में भूमि धोखाधड़ी के खिलाफ सरकार का रुख अब बेहद सख्त हो गया है। लगातार समीक्षा और FIR के निर्देशों से साफ है कि आने वाले समय में भूमाफियाओं पर बड़ा शिकंजा कसने वाला है।

