टनकपुर से कैलाश मानसरोवर यात्रा-2026 के प्रथम दल में शामिल 49 श्रद्धालुओं को हरी झंडी दिखाकर शुभ यात्रा के लिए रवाना किया। इस अवसर पर सभी श्रद्धालुओं से भेंट कर उनका कुशलक्षेम जाना तथा बाबा कैलाशपति से उनकी मंगलमय, सुरक्षित एवं सफल यात्रा की प्रार्थना की।
आस्था, अध्यात्म और सनातन संस्कृति की इस पावन यात्रा को श्रद्धालुओं के लिए अधिक सुगम, सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने हेतु राज्य सरकार पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। कनेक्टिविटी के सुदृढ़ीकरण से लेकर यात्रा मार्ग पर आवश्यक आधारभूत सुविधाओं, स्वास्थ्य, सुरक्षा एवं अन्य व्यवस्थाओं को निरंतर सशक्त किया जा रहा है, ताकि प्रत्येक श्रद्धालु को देवभूमि उत्तराखंड की दिव्यता, आत्मीयता और उत्कृष्ट व्यवस्थाओं का श्रेष्ठ अनुभव प्राप्त हो सके।
कैलाश मानसरोवर यात्रा केवल आस्था का पावन मार्ग ही नहीं, बल्कि सीमांत क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास का सशक्त माध्यम भी है। इस यात्रा से स्थानीय पर्यटन, रोजगार, स्वरोजगार, होमस्टे, हस्तशिल्प और व्यापार को नई गति मिल रही है, जिससे सीमांत क्षेत्र आत्मनिर्भरता और समृद्धि की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रहे हैं।

