गोर्खाली महिला हरितालिका तीज उत्सव

0
1

देहरादून। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को देहरादून के गढ़ी कैंट स्थित जसवंत सिंह ग्राउंड में आयोजित गोर्खाली महिला हरितालिका तीज उत्सव में प्रतिभाग करते हुए बड़ा ऐलान किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि भविष्य में हरितालिका तीज उत्सव को सरकारी स्तर पर और अधिक भव्य एवं व्यापक स्वरूप में आयोजित किया जाएगा, ताकि प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को नई पीढ़ी तक प्रभावी ढंग से पहुंचाया जा सके।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने गोर्खाली समाज की मातृशक्ति को हरितालिका तीज की शुभकामनाएं देते हुए उनके सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। उन्होंने कहा कि हरितालिका तीज माता पार्वती की तपस्या, अटूट विश्वास, समर्पण और शक्ति का प्रतीक पर्व है, जो समाज को दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि तीज जैसे पारंपरिक उत्सव हमारी संस्कृति, लोक परंपराओं और सामाजिक मूल्यों को जीवित रखने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। उन्होंने कहा कि माताएं और बहनें भारतीय संस्कृति की सबसे बड़ी संवाहक हैं, जिनके प्रयासों से हमारी भाषा, लोक संस्कृति और परंपराएं पीढ़ी दर पीढ़ी संरक्षित और विकसित हो रही हैं।

उत्तराखंड के विकास में गोर्खाली समाज की अहम भूमिका

मुख्यमंत्री ने कहा कि गोर्खाली समाज अपनी वीरता, अनुशासन, परिश्रम और राष्ट्रभक्ति के लिए विश्वभर में सम्मानित है। देश की सीमाओं की रक्षा में गोर्खा वीरों ने सदैव अद्वितीय साहस और बलिदान का परिचय दिया है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के विकास में भी गोर्खाली समाज का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। शिक्षा, खेल, साहित्य, कला, सैन्य सेवा और सामाजिक कार्यों के क्षेत्र में समाज के लोगों ने उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कर प्रदेश को नई पहचान दिलाई है।

‘आजाद हिन्द फौज शहीद द्वार’ बनेगा वीरता का प्रतीक

मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि मसूरी विधानसभा क्षेत्र में अमर शहीद कप्तान दल बहादुर थापा की स्मृति में बनने वाले ‘आजाद हिन्द फौज शहीद द्वार’ का शिलान्यास किया गया है। उन्होंने कहा कि यह स्मारक गोर्खा समाज के शौर्य, त्याग और राष्ट्रभक्ति का प्रतीक बनेगा तथा आने वाली पीढ़ियों को स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान से प्रेरित करेगा।

भारत-नेपाल के रिश्ते सांस्कृतिक और पारिवारिक

मुख्यमंत्री ने भारत और नेपाल के बीच सदियों पुराने सांस्कृतिक एवं पारिवारिक संबंधों का उल्लेख करते हुए कहा कि दोनों देशों के बीच आत्मीयता और विश्वास का विशेष रिश्ता है। नेपाल में हाल ही में आई प्राकृतिक आपदा पर चिंता व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि भारत हर संकट की घड़ी में नेपाल के साथ खड़ा है और प्रभावित लोगों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त करता है।

महिला सशक्तीकरण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि महिला सशक्तीकरण राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। महिलाओं को सरकारी नौकरियों में 30 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण देने के साथ-साथ समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू कर उनके अधिकारों को और मजबूत किया गया है।

उन्होंने बताया कि स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। आज उत्तराखंड में 3 लाख से अधिक महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं, जो न केवल अपने परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत कर रही हैं बल्कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं।

कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, आचार्य बालकृष्ण, गीता पुष्कर धामी, गोर्खाली सुधार सभा के अध्यक्ष पदम सिंह थापा, गोर्खाली महिला हरितालिका तीज उत्सव समिति की अध्यक्ष प्रभा शाह, गोरखा कल्याण परिषद की अध्यक्ष ज्योति कोटिया सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here