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इगास पर अवकाश अनिल बलूनी त्रिवेद्र में हुई थी राजनैतिक खटास

इगास पर अवकाश अनिल बलूनी त्रिवेद्र में हुई थी राजनैतिक खटास देहरादून संस्कृति पर्व इगास पर अवकाश घोषित किया गया है उत्तराखंड के मुख्यमंत्री उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने संस्कृति पर्व इगास पर अवकाश घोषित करने की घोषणा की है उत्तराखंड में इस पर्व को मनाए जाने के लिए संस्कृति के वाहक पुरजोर कोशिश करते हैं इस पर्व को मनाने के लिए अपने अपने गांव के घरों में इस पर्व को मनाने की अनूठी परंपरा है।

उत्तराखंड में इस पर्व को धूमधाम से मनाने के लिए बीजेपी के सांसद अनिल बलूनी ने बड़ी कोशिश की थी त्रिवेंद्र सिंह रावत की सरकार के समय इस पर्व को लेकर दोनों ही नेताओं के बीच काफी विरोधाभास भी हुआ था हालाकि इस दिन राजकीय अवकाश घोषित नहीं किया गया था जिसको लेकर विवाद काफी बड़ा था अब दोनों ही नेताओं के बीच राजनीतिक रूप से क्या दूरियां है यह तो वह दोनों नेता ही जानते होंगे लेकिन फिलहाल राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दूसरी बार अवकाश घोषित करने की घोषणा की है।

उत्तराखंड की सियासत में कदम रखने से लेकर कई तरह की भावी योजनाएं आज भी अनिल बलूनी के मन में घर करती है पिछले कुछ सालों में उनका राजनैतिक दखल उत्तराखंड में साफ तरह से देखा गया है कुमायूं ट्रेन हो या फिर गढ़वाल में विकास का नया मॉडल दोनो ही रीजन में अनिल बलूनी अपनी राजनैतिक पहुंच के चलते उत्तराखंड को कई तरह की सौगात देते रहे है त्रिवेंद्र सिंह रावत की सरकार के समय उनकी चर्चा उत्तराखंड के भावी सीएम के रूप में भी हो चुकी थी लेकिन अपने स्वस्थ खराब होने के चलते वो मौका चूक गए भविष्य में अनिल के पास संभावना के रूप में उत्तराखंड पहली नजर में है।

 

विकास को लेकर अपनी संस्कृति की झलक देखने को मिलती है उत्तराखंड में इस पर्व को मनाने के लिए गढ़वाल क्षेत्र में इसकी बड़े पैमाने पर देखी जाती है लेकिन कुमाऊं का कुछ क्षेत्र विकास पर्व को मनाने के लिए व्याकुल रहता है संस्कृति की तरफ लोगों को जोड़ने की एक अनूठी पहल है दीपावली के 11 दिन बाद मनाया जाने वाला पर्व एक अनूठी पहल है। हर साल प्रवासी उत्तराखंडी से लेकर गढ़वाल मंडल में इस पर्व को मनाए जाने के पीछे अपनी संस्कृति की तरफ लोगों को जोड़े रखने के लिए भी ये दिन यादगार रहता है।

उत्तराखंड में ज्योति पर्व दीपावली के 11 दिन बाद मनाए जाने वाले लोक पर्व इगास में देश-विदेश में रह रहे प्रवासी उत्तराखंडी जुड़ते है। राज्यसभा सदस्य अनिल बलूनी की अगुआई में इगास महोत्सव समिति वृहद आयोजन हर साल करती है। पिछले वर्ष इगास का मुख्य आयोजन देहरादून में किया गया था, जबकि राज्य के कुछ अन्य स्थानों पर भी बड़े कार्यक्रम किए जाते है । प्रवासियों को आनलाइन इनसे जोड़ा जा चुका है , ताकि वे दूर रहकर भी अपनी जड़ों से जुड़ाव महसूस कर सकें।

उत्तराखंड के लोक पर्वों, त्योहारों से प्रवासियों को जोड़ने के उद्देश्य से राज्यसभा सदस्य अनिल बलूनी निरंतर प्रयास करते रहे हैं। इस क्रम में उन्होंने इगास से प्रवासियों को जोड़ने की मुहिम को कुछ वर्षो में तेज किया है। इसके लिए गठित इगास महोत्सव समिति इस पर्व पर होने वाले कार्यक्रम की तैयारियों में जुटी है। समिति से जुड़े सदस्य इस बार भी इगास पर भव्य कार्यक्रम करेगे। देहरादून में होने वाले मुख्य आयोजन में पूजा-अर्चना के बाद शाम को भैलो नृत्य का कार्यक्रम प्रस्तावित है। इसके लिए स्थान चयनित किया जा रहा है।

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