रोजगारपरक शिक्षा की कमी पर राज्यपाल ने जताई चिंता

0
256

रोजगारपरक शिक्षा की कमी पर राज्यपाल ने जताई चिंता

हल्द्वानी उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के पहले दीक्षांत समारोह में कुलपति डॉ. कृष्ण कांत पॉल ने विश्वविद्यालयों में रोजगारपरक शिक्षा को लेकर चिंता जताई।
उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के पहले दीक्षांत समारोह में कुलपति डॉ. कृष्ण कांत पॉल ने विश्वविद्यालयों में रोजगारपरक शिक्षा को लेकर चिंता जताते हुए कहा कि तीन चौथाई स्नातकों की शिक्षा रोजगारपरक नहीं है। देश में दाखिला लेने वालों का अनुपात यानी ग्रॉस एनरॉलमेंट रेशियो उन्नत देशों से कम यानी लगभग 20 फीसद ही है। उत्तराखंड में संतोष कर सकते हैं कि हम 30 प्रतिशत राष्ट्रीय लक्ष्य तक पहुंच चुके हैं।
डॉ. पॉल ने उच्च शिक्षा के विस्तार व उत्कृष्टता के लिए दूरस्थ शिक्षा में बदलाव लाने पर जोर दिया और कहा, इस तरह की शिक्षा में असीम संभावनाएं हैं। उन्होंने टेक्नोलॉजी पर आधारित शिक्षा की वकालत करते हुए कहा, टेक्नोलॉजी के जरिये ही दूरस्थ शिक्षा को दिलचस्प और आसान बनाया जा सकता है।
दुनिया के प्रख्यात मुक्त विश्वविद्यालयों ने साबित कर दिया है कि यह समग्र व श्रेष्ठ पद्धति है। ब्रिटिश ओपन यूनिवर्सिटी इसकी मिसाल है। उन्होंने कौशल आधारित पाठ्यक्रमों को बढ़ाने के सुझाव भी दिए। उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. इंदिरा हृदयेश ने कहा, मुक्त विश्वविद्यालय में आइटी अकादमी स्थापित करने के लिए की गई घोषणा पर काम शुरू हो गया है।
कुमाऊं विश्वविद्यालय का 13वां दीक्षांत समारोह, राज्यपाल ने प्रदान की उपाधि
कुलपति प्रो. नागेश्वर राव ने विश्वविद्यालय की उपलब्धियों के बारे में बताया। संचालन कुलसचिव प्रो. आरसी मिश्र ने किया। इस दौरान आवासीय विश्वविद्यालय अल्मोड़ा के कुलपति प्रो. एचएस धामी, कृषि एवं प्रोद्योगिकी विश्वविद्यालय पंतनगर के कार्यवाहक कुलपति प्रो. जे कुमार आदि शामिल रहे।

Bhadas 4 India देश के प्रतिष्ठित और नं.1 मीडियापोर्टल की हिंदी वेबसाइट है। भड़ास फॉर इंडिया.कॉम में हमें आपकी राय और सुझावों की जरुरत हैं। आप अपनी राय, सुझाव और ख़बरें हमें bhadas4india@gmail.com पर भेज सकते हैं या हमारे व्हाटसप नंबर 9837261570 पर भी संपर्क कर सकते हैं। आप हमें हमारे फेसबुक पेज Bhadas4india भी फॉलो कर सकते हैं।

Comments

comments